राजस्थान सरकार का बड़ा कदम, वीर सैनिकों की सहायता में अब नहीं होगी कोई देरी…बनाई गई विशेष योजना
राजस्थान के वीर सैनिकों के प्रति सम्मान और संवेदना का भाव व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री शुभजनलाल शर्मा ने एक महत्वपूर्ण पहल की है। उन्होंने सभी जिला कलेक्टरों को निर्देश दिए हैं कि सुरक्षा सेवाओं के दौरान घायल हुए और सेवानिवृत्ति के बाद कठिनाइयों का सामना कर रहे जांबाज सैनिकों की समस्याओं का तत्काल समाधान सुनिश्चित किया जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्र की रक्षा में अपना सर्वस्व समर्पित करने वाले ये वीर हमारे गौरव हैं, इसलिए उनके पुनर्वास और सम्मान में किसी भी प्रकार की देरी अस्वीकार्य है।
सेवानिवृत्ति के बाद भी वीर सैनिकों को मिलेगा सम्मान और सुरक्षा का भरोसा
आपको बता दें कि मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने आतंकवाद निरोधी कार्रवाई में घायल और सेवानिवृत्ति के बाद आर्थिक एवं स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं का सामना कर रहे
जांबाजों की समस्याओं के समाधान को विशेष प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने अभी निर्देश दिए कि और पात्र वीर सैनिकों, शहीद परिवारों और युद्ध में दिव्यांग हुए सैनिकों को सरकारी योजनाओं और पेंशन का लाभ मिल सके।
वीर सैनिकों की सहायता में किसी स्तर पर न हो विलंब
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने जिला कलेक्टर को निर्देश दिए हैं कि सैनिकों को सहायता मिलने में किसी भी प्रकार की विलंब ना हो। जिला कलेक्टर्स अपने-अपने क्षेत्र में व्यक्तिगत मॉनिटरिंग करें और जरूरत पड़ने पर सैनिकों के लिए शिविर का आयोजन भी करें और उनकी समस्याओं का समाधान भी करें। उन्होंने निर्देश दिए कि सुरक्षा बलों, सेना, अर्द्धसैनिक बलों और पुलिस में सेवा दे चुके उन जांबाजों की सूची भी तैयार की जाए, जो अपने दायित्वों का निर्वहन करते हुए गंभीर रूप से घायल हुए।

