पूर्व महापौर मुनेश गुर्जर के पास आय से 315% ज्यादा संपत्ति, ACB ने 2 साल बाद दर्ज किया केस, पति का भी नाम
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने जयपुर नगर निगम हेरिटेज (Jaipur Heritage) की पूर्व महापौर मुनेश गुर्जर (Munesh Gurjar) और उनके पति सुशील कुमार गुर्जर (Sushil Gurjar) के खिलाफ एक बड़ा केस दर्ज किया है. एसीबी ने यह कार्रवाई करीब 2 साल की लंबी जांच के बाद की है.
33 महीनों में 315% ज्यादा संपत्ति
एसीबी की जांच में सामने आया है कि मुनेश गुर्जर ने अपने महापौर कार्यकाल (10 नवंबर 2020 से 4 अगस्त 2023) के सिर्फ 33 महीनों में अपनी कमाई से कहीं ज्यादा संपत्ति जमा कर ली. इस दौरान मुनेश और उनके पति की कुल वास्तविक आय (वेतन और ब्याज सहित) लगभग ₹50.57 लाख थी. लेकिन इस दौरान उन्होंने कुल 2 करोड़ 9 लाख रुपये की संपत्ति बना ली. यह उनकी वैध आय से 315 प्रतिशत अधिक है. एसीबी को 1.59 करोड़ रुपये की आय से अधिक संपत्ति मिली है.
मेयर बनने से पहले (10 नवंबर 2020) उनके पास लगभग ₹23.84 लाख की संपत्ति थी, जो रिश्वत मामले का खुलासा होने तक बढ़कर ₹2.09 करोड़ हो गई.
पति सुशील गुर्जर पर भी केस
एसीबी ने आय से अधिक संपत्ति (Disproportionate Assets) का यह मामला मेयर मुनेश गुर्जर के साथ-साथ उनके पति सुशील कुमार गुर्जर पर भी दर्ज किया है. जांच में सामने आया है कि सुशील गुर्जर के कई बैंक अकाउंट में बड़े लेन-देन हुए हैं. याद रहे, मुनेश गुर्जर पहले ‘पट्टे देने के एवज में रिश्वत’ लेने के मामले में फंसी थीं. अब एसीबी ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के लिए उनके पद के दुरुपयोग को आधार मानते हुए यह केस दर्ज किया है. मामले की आगे की जांच ASP संदीप सारस्वत को सौंपी गई है.

